Home छत्तीसगढ़ मानसून की फुहारों के साथ ही बस्तर की धरती ने ओढ़ी हरियाली...

मानसून की फुहारों के साथ ही बस्तर की धरती ने ओढ़ी हरियाली की चादर, चित्रकोट और तीरथगढ़ जलप्रपात बने सैलानियों के आकर्षण का केंद्र

59
0
Jeevan Ayurveda

जगदलपुर

मानसून की फुहारों के साथ ही बस्तर की धरती ने हरियाली की चादर ओढ़ ली है। प्रकृति ने जैसे अपना श्रृंगार कर लिया हो। हर ओर हरियाली, शीतल बयार और गगनभेदी जलप्रपातों की गूंज इस अंचल को एक जीवंत चित्रपटल में बदल देती है। इन्हीं में से दो प्रमुख आकर्षण हैं चित्रकोट जलप्रपात और तीरथगढ़ जलप्रपात, जो इस समय पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।

Ad

जगदलपुर से लगभग 35 किलोमीटर दूर स्थित चित्रकोट जलप्रपात, जिसे भारत का “मिनी नियाग्रा” कहा जाता है और कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान के भीतर स्थित तीरथगढ़ जलप्रपात, जिसे “बस्तर की जान” कहा जाता है, दोनों ही बरसात के मौसम में अपनी अद्भुत छटा बिखेरते हैं।

बारिश के दौरान इन झरनों का जलस्तर बढ़ जाता है और गिरती हुई धाराओं की गूंज, चारों ओर फैली हरियाली और प्रकृति का सुरम्य वातावरण पर्यटकों को मान सम्मोहित कर लेता है। देश-विदेश से आने वाले सैलानी इन प्राकृतिक चमत्कारों का दीदार करने बस्तर पहुंचते हैं। ये नज़ारे इतने मोहक होते हैं कि कोई भी उन्हें देखकर मंत्रमुग्ध हुए बिना नहीं रह सकता।

Jeevan Ayurveda Clinic

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here